Sunday, April 14, 2024

अवैध खनन करना पड़ा भारी, सजा का फरमान जारी

आठ आरोपियों को एक वर्ष का साधारण कारावास

गवाहों व साक्ष्यों को मद्देनजर रखते हुए न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी करसोग ने सुनाया फैसला

वर्ष 2015 में अवैध खनन पर दर्ज हुई थी एफ.आई.आर.

आपकी खबर, करसोग।
जिला मंडी के उपमंडल करसोग में सरकारी भूमि पर अवैध खनन करना आरोपियों पर भारी पड़ा है। आरोप सिद्ध होने के चलते मामले में सजा का फरमान जारी हो गया है। करसोग के फिरनू अवैध खनन करने पर आठ आरोपियों को एक वर्ष के साधारण कारावास की सजा हुई है। न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी (जे.एफ.एम.सी.) करसोग के न्यायाधीश राहुल ने मामले की सुनवाई के बाद तथ्यों के आधार पर सजा सुनाई है। गवाहों व साक्ष्यों को मघ्यनजर रखते हुए न्यायालय के फैसले की पुष्टि करते हुए सहायक जिला न्यायवादी करसोग मोहिन्द्र कुमार ने बताया कि दोषियों को भारतीय दंड संहिता (आई.पी.सी.), मोटर वाहन अधिनियम (एम.वी.एक्ट) तथा खान एवं खनिज अधिनियम (माइन एण्ड मिनरल्स एक्ट) के तहत सजा सुनाई गई है। मामले में संलिप्त नौ आरोपियों में से एक व्यक्ति की मौत हो चुकी है जिसके चलते आठ आरोपियों के खिलाफ न्यायालय ने फैसला सुनाया है। उन्होने बताया कि आरोपियों को भारतीय दंड संहिता की धारा 379 व 34 के तहत एक वर्ष का साधारण कारावास तथा तथा खान एवं खनिज अधिनियम की धारा 21 के तहत एक माह की सजा सुनाई गई है। दोनों ही सजाएं एक साथ चलेंगी। इसके अलावा मोटर वाहन अधिनियम की धारा 180,196 व 181 के तहत मामले में संलिप्त दो आरोपियों को 5-5 हजार रुपए जुर्माने के तौर पर अदा करने का आदेश सुनाया गया है। अवैध खनन करने के आरोप में टंकेश्वर दत्त, कमल चंद, सुलेमान, गनी, जय कुमार, तिलक राज, नीम चंद तथा महेंद्र सिंह को सजा सुनाई गई है। वर्ष 2015 में सरकारी भूमि पर सड़क किनारे अवैध खनन करने पर करसोग पुलिस ने एफ.आई.आर. दर्ज की थी। करसोग व लूहरी की सीमा पर फिरनू में धड़ल्ले से हो रहे अवैध खनन की सूचना मिलने पर करसोग पुलिस व प्रशासन ने मौके पर दबिश देने की योजना बनाई। तत्कालीन एस.डी.एम. विवेक चौहान, तहसीलदार जीवन सिंह नेगी सहित थाना प्रभारी सुनील सांख्यान ने संयुक्त टीम बनाकर देर रात फिरनू का रूख किया। मौके पर सरकारी भूमि पर खनन करते हुए सभी आरोपियों को रंगे हाथ हिरासत में लिया गया। इसके अलावा खनन करने के लिए इस्तेमाल की जा रही जे.सी.बी. व रेत से भरे टिप्परों को भी पुलिस ने कब्जे में लेकर छानबीन शुरू कर दी। छानबीन के दौरान तथ्यों के आधार पर चालान न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी करसोग में पेश किया गया। सहायक जिला न्यायवादी मोहिन्द्र कुमार ने बताया कि गवाहों व साक्ष्यों को मघ्यनजर रखते हुए न्यायालय ने आरोपियों को साधारण कारावास व जुर्माना अदा करने के आदेश दिए हैं।

Get in Touch

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Related Articles

spot_img

Latest Posts