विधानसभा चेंबर में डिप्टी CM मुकेश अग्निहोत्री का मीडिया से संवाद, बोले—हिमाचल के अधिकारों के लिए लड़ाई जारी
हिमाचल के अधिकारों पर डटे डिप्टी CM मुकेश अग्निहोत्री, केंद्र से हस्तक्षेप की मांग
विधानसभा में बोले डिप्टी CM मुकेश अग्निहोत्री—वेतन, पेंशन और OPS पर दिया भरोसा, केंद्र से न्याय की अपील
RDG पर हिमाचल का हक: डिप्टी CM मुकेश अग्निहोत्री का बड़ा बयान, केंद्र से मांगा सहयोग
आपकी खबर, शिमला।
17 फरवरी। हिमाचल प्रदेश विधानसभा के चेंबर में उप मुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने पत्रकारों को संबोधित करते हुए प्रदेश के वित्तीय हालात, केंद्र-राज्य संबंधों और कर्मचारियों से जुड़े मुद्दों पर सरकार का पक्ष स्पष्ट किया। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश अपने अधिकारों के लिए मजबूती से खड़ा है और इस दिशा में हर स्तर पर प्रयास जारी रहेंगे।
विधानसभा सत्र के दौरान आयोजित इस प्रेस ब्रीफ में उप मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार आर्थिक चुनौतियों के बावजूद कर्मचारियों के हितों और विकास कार्यों को प्रभावित नहीं होने देगी। उन्होंने कहा कि सरकार अपने संसाधनों का बेहतर प्रबंधन करते हुए हर आवश्यक कदम उठा रही है।
डिप्टी CM ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि हिमाचल प्रदेश किसी प्रकार की विशेष राहत नहीं, बल्कि अपने वैधानिक अधिकारों की मांग कर रहा है। उन्होंने केंद्र सरकार से आग्रह किया कि राजस्व घाटा अनुदान (RDG) और अन्य वित्तीय मामलों में राज्य के साथ न्याय किया जाए तथा प्रधानमंत्री स्तर पर इस विषय में हस्तक्षेप किया जाए।
पत्रकारों के सवालों का जवाब देते हुए उन्होंने कहा कि कर्मचारियों की वेतन और पेंशन समय पर मिलती रहेगी, पुरानी पेंशन योजना (OPS) जारी रहेगी।
विकास कार्यों में किसी प्रकार की रुकावट नहीं आने दी जाएगी। उन्होंने कहा कि सरकार वित्तीय अनुशासन के साथ-साथ जनहित की योजनाओं को प्राथमिकता दे रही है।
उप मुख्यमंत्री ने कहा कि हिमाचल जैसे पहाड़ी राज्य के लिए केंद्र से मिलने वाली वित्तीय सहायता अत्यंत महत्वपूर्ण है। यह केवल आर्थिक मुद्दा नहीं बल्कि संघीय ढांचे की भावना से भी जुड़ा विषय है, इसलिए केंद्र सरकार को राज्य की परिस्थितियों को समझते हुए सकारात्मक निर्णय लेना चाहिए।
उन्होंने कहा कि विधानसभा सत्र के दौरान लिए गए फैसलों और सरकार की रणनीतियों की पूरी जानकारी जनता तक पहुंचाई जाएगी, ताकि प्रदेशवासी हर निर्णय से अवगत रह सकें।

