PMGSY-III को 2028 तक विस्तार, ₹83,977 करोड़ से ग्रामीण भारत को नई रफ्तार: डॉ. बिंदल
हिमाचल के दुर्गम गांवों को मिलेगा बड़ा फायदा—PMGSY-III से सड़क, पुल और रोजगार के अवसर बढ़ेंगे
मोदी सरकार का बड़ा फैसला: ग्रामीण कनेक्टिविटी मजबूत करने को PMGSY-III का दायरा बढ़ा
आपकी खबर, ब्यूरो।
शिमला, 18 अप्रैल। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष डॉ. राजीव बिंदल ने केंद्र सरकार द्वारा प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना-III (PMGSY-III) को मार्च 2028 तक बढ़ाने के फैसले का स्वागत करते हुए इसे ग्रामीण भारत के विकास के लिए एक ऐतिहासिक कदम बताया है।
डॉ. बिंदल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह निर्णय देश के करोड़ों ग्रामीण नागरिकों के जीवन स्तर को सुधारने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। उन्होंने कहा कि योजना का कुल परिव्यय बढ़ाकर अब ₹83,977 करोड़ कर दिया गया है, जो सरकार की ग्रामीण इंफ्रास्ट्रक्चर के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
उन्होंने जानकारी दी कि इस योजना के तहत 161 नए पुलों के निर्माण को मंजूरी दी गई है, जिनकी अनुमानित लागत करीब ₹961 करोड़ है। साथ ही, पहले से स्वीकृत लेकिन लंबित परियोजनाओं को पूरा करने के लिए समयसीमा मार्च 2028 तक बढ़ा दी गई है, जबकि पहाड़ी क्षेत्रों में कठिन भौगोलिक परिस्थितियों को देखते हुए कुछ परियोजनाओं की समयसीमा मार्च 2029 तक बढ़ाई गई है।
डॉ. बिंदल ने कहा कि यह योजना ग्रामीण क्षेत्रों को कृषि बाजारों, स्कूलों, अस्पतालों और अन्य आवश्यक सेवाओं से जोड़ने में अहम भूमिका निभा रही है। इससे गांवों की अर्थव्यवस्था को सीधा लाभ मिलेगा और विकास की गति तेज होगी।
हिमाचल प्रदेश का विशेष उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि पहाड़ी राज्य में सड़कें ही विकास की धुरी हैं। इस योजना के विस्तार से दुर्गम क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार के बेहतर अवसर मिलेंगे।
उन्होंने यह भी कहा कि बेहतर सड़क कनेक्टिविटी से किसानों और बागवानों को अपनी उपज समय पर बाजार तक पहुंचाने में मदद मिलेगी, जिससे उनकी आय में वृद्धि होगी और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।
डॉ. बिंदल के अनुसार, इस योजना से न केवल परिवहन सुविधाओं में सुधार होगा, बल्कि बड़े स्तर पर रोजगार के अवसर भी सृजित होंगे, जिससे ग्रामीण युवाओं को सीधा लाभ मिलेगा।
उन्होंने कहा कि मोदी सरकार का लक्ष्य केवल सड़क निर्माण तक सीमित नहीं है, बल्कि गांव-गांव तक विकास, अवसर और समृद्धि पहुंचाना है। उन्होंने विश्वास जताया कि PMGSY-III का विस्तार विकसित भारत 2047 के संकल्प को मजबूत करेगा और हिमाचल सहित पूरे देश के ग्रामीण क्षेत्रों को नई दिशा देगा।
