
जिला कांग्रेस कमेटी ने किया मौन प्रदर्शन, काले रिबन बांधकर जताया कड़ा रोष
केंद्र सरकार पर अलोकतांत्रिक ढंग से विपक्ष की आवाज को कुचलने का लगाया आरोप
आपकी खबर, ब्यूरो।
शिमला, 8 अक्तूबर। केंद्र में लोकतंत्र की रक्षा और विपक्ष की आवाज को दबाए जाने के खिलाफ वीरवार को जिला कांग्रेस कमेटी शिमला शहरी ने मौन प्रदर्शन किया। इस प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों ने अपने हाथों पर काले रिबन बांधकर केंद्र सरकार की दमनकारी नीतियों के खिलाफ कड़ा विरोध दर्ज कराया।
प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे कांग्रेस नेताओं ने केंद्र सरकार पर अलोकतांत्रिक ढंग से विपक्ष की आवाज को कुचलने का सीधा आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि देश के इतिहास में यह पहली बार हो रहा है जब संवैधानिक संस्थाओं की निष्पक्षता खतरे में है।
कांग्रेस ने विपक्ष के प्रमुख नेताओं को अवैध रूप से हिरासत में लेने (डिटेन करने) और उनके साथ की गई बदसलूकी की कड़े शब्दों में निंदा की। नेताओं ने कहा कि केंद्रीय सरकार की यह कार्रवाई पूरी तरह से तानाशाही और अलोकतांत्रिक है।
प्रदर्शनकारियों ने चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर गहरी चिंता व्यक्त की। कांग्रेस का आरोप है कि इतिहास में पहली बार चुनाव आयोग की साख और निष्पक्षता पर इतने गंभीर प्रश्न उठ रहे हैं, लेकिन सरकार इस पर पूरी तरह से चुप्पी साधे बैठी है।
नेताओं ने कहा कि एक तरफ केंद्र सरकार की चुप्पी संदेहास्पद है, वहीं दूसरी तरफ अपनी आवाज बुलंद कर रहे शांतिपूर्ण विपक्षी प्रदर्शनकारियों पर पुलिस और प्रशासन के जरिए बल प्रयोग करवाना बेहद शर्मनाक और निंदनीय है।
जिला कांग्रेस कमेटी ने चेतावनी दी है कि सरकार चाहे जितना भी बल प्रयोग कर ले, विपक्ष जनता की आवाज को दबने नहीं देगा और लोकतंत्र को बचाने के लिए सड़क से लेकर संसद तक अपना संघर्ष जारी रखेगा।
इस दौरान प्रदेश उपाध्यक्ष अमित नंदा, सोनिया, कृष्णा, रीना पुंडीर, बबली, जिला कमेटी शिमला शहरी के दीपक सुंद्रियाल, रवि राणा, वीनेश ठाकुर, कुश पाल सिंह, जय प्रकाश, उमा वर्मा, महासचिव मुकेश भाटिया, दीक्षित जोगटा, सुमित गौतम,सचिव गुरविंदर सिंह, पुनीत, गौरव, संदीप ठाकुर, महिन्द्रजीत बबलू,पंकज, रंजीत कर्नल आदि मौजूद रहे।
