रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने किर्गिस्तान को भेंट किए ‘भीष्म आरोग्य मैत्री हेल्थ क्यूब’, आपदा राहत में मिलेगी बड़ी मदद
भारत की मानवीय पहल: राजनाथ सिंह ने किर्गिस्तान को दिए अत्याधुनिक पोर्टेबल मेडिकल यूनिट्स
‘मेक इन इंडिया’ की वैश्विक पहचान: भारत ने किर्गिस्तान को सौंपे स्वदेशी हेल्थ क्यूब
आपकी खबर, ब्यूरो।
बिश्केक, 28 अप्रैल। राजनाथ सिंह ने मंगलवार को किर्गिस्तान दौरे के दौरान अपने समकक्ष मुकंबे रुसलान मुस्तफेविच के साथ द्विपक्षीय बैठक के बाद किर्गिस्तान को स्वदेशी तकनीक से विकसित दो ‘भीष्म आरोग्य मैत्री हेल्थ क्यूब’ भेंट किए।
यह अत्याधुनिक पोर्टेबल मेडिकल यूनिट्स आपदा और आपातकालीन परिस्थितियों में तेजी से तैनात किए जाने के उद्देश्य से विकसित किए गए हैं। इन हेल्थ क्यूब्स का उपयोग विशेष रूप से मानवतावादी सहायता एवं आपदा राहत (HADR) तथा सर्च एंड रेस्क्यू अभियानों में किया जाएगा।
भारत द्वारा विकसित ये हेल्थ क्यूब आधुनिक चिकित्सा सुविधाओं से लैस हैं और इन्हें कठिन एवं दूरदराज क्षेत्रों में तुरंत पहुंचाया जा सकता है। इनकी सबसे बड़ी विशेषता इनका मॉड्यूलर डिजाइन और उच्च गतिशीलता है। इन्हें हवाई, समुद्री और जमीनी मार्गों के अलावा ड्रोन के माध्यम से भी आसानी से परिवहन किया जा सकता है, जिससे आपदा प्रभावित क्षेत्रों में समय पर चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराई जा सके।
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि भारत वैश्विक मानवीय सहयोग और स्वास्थ्य सुरक्षा को मजबूत करने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने जोर देते हुए कहा कि संकट और आपदा की घड़ी में देशों के बीच सहयोग बेहद महत्वपूर्ण होता है और भारत हमेशा मित्र देशों की सहायता के लिए आगे खड़ा रहा है।
बैठक के दौरान भारत और किर्गिस्तान के बीच रक्षा सहयोग, क्षेत्रीय सुरक्षा और मानवीय सहायता से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर भी चर्चा हुई। दोनों देशों ने रक्षा साझेदारी को और मजबूत करने तथा आपसी सहयोग बढ़ाने पर सहमति जताई।
विशेषज्ञों का मानना है कि ‘भीष्म आरोग्य मैत्री हेल्थ क्यूब’ भारत की रक्षा और स्वास्थ्य तकनीक क्षमता का बेहतरीन उदाहरण हैं। यह पहल न केवल भारत की तकनीकी क्षमता को दर्शाती है, बल्कि वैश्विक स्तर पर मानवीय सहायता के क्षेत्र में भारत की बढ़ती भूमिका को भी मजबूत करती है।
भारत सरकार की यह पहल ‘मेक इन इंडिया’ और आत्मनिर्भर भारत अभियान को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान देने की दिशा में भी एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।
